श्री हनुमान सुंदरकांड (Sunderkand) — रामचरितमानस
सुंदरकांड गोस्वामी तुलसीदास रचित रामचरितमानस का पाँचवाँ काण्ड है, जो भगवान हनुमान की लंका यात्रा और सीता माता की खोज का वर्णन करता है। इसे संकटनाशक तथा मनोकामना पूर्ण करने वाला माना जाता है। सुंदरकांड का पाठ विशेषकर मंगलवार व शनिवार को किया जाता है।
| ग्रंथ | रामचरितमानस (पाँचवाँ काण्ड) |
|---|---|
| रचयिता | गोस्वामी तुलसीदास |
| मुख्य पात्र | भगवान हनुमान |
| फल | संकट नाश, मनोकामना पूर्ति |
लाभ (Benefits)
- संकट, विघ्न एवं भय का निवारण
- मनोकामना पूर्ति एवं सुख-समृद्धि
- मन की एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा